पटना, 7 अप्रैल 2026:
बिहार सरकार के उद्योग विभाग ने राज्य के औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। विभाग के सचिव सह बियाडा एवं आईडा के प्रबंध निदेशक श्री कुंदन कुमार की अध्यक्षता में आयोजित प्रोजेक्ट क्लियरेंस कमिटी (PCC) की बैठक में 15 औद्योगिक इकाइयों को 64 एकड़ भूमि आवंटित करने की मंजूरी दी गई है।
उद्योग विभाग के सचिव सह बियाडा एवं आईडा के प्रबंध निदेशक श्री कुंदन कुमार की अध्यक्षता में बियाडा (बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार) की प्रोजेक्ट क्लियरेंस कमिटी (PCC) की बैठक आयोजित की गई।
उद्योग विभाग के माननीय मंत्री डॉ दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा- बिहार सरकार राज्य में उद्योगों के समग्र एवं संतुलित विकास के लिए प्रतिबद्ध है। आज आयोजित PCC बैठक में विभिन्न क्षेत्रों की इकाइयों को भूमि आवंटन किया जाना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। विशेष रूप से बायो-प्लास्टिक्स जैसी पर्यावरण-अनुकूल परियोजनाओं को बढ़ावा देना हमारी सतत विकास की प्राथमिकताओं को दर्शाता है। ₹3,000 करोड़ से अधिक के निवेश एवं बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन से न केवल औद्योगिक आधार मजबूत होगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए नए अवसर भी उपलब्ध होंगे।
इस अवसर पर उद्योग विभाग के सचिव सह बियाडा एवं आईडा के प्रबंध निदेशक श्री कुंदन कुमार ने कहा- BIADA के माध्यम से पारदर्शी एवं समयबद्ध प्रक्रिया अपनाते हुए पात्र निवेशकों को औद्योगिक भूखंड उपलब्ध कराए जा रहे हैं। विभिन्न सेक्टरों में स्वीकृत ये परियोजनाएं राज्य में निवेश के अनुकूल वातावरण को और सुदृढ़ करेंगी। विभाग द्वारा आधारभूत संरचना, कनेक्टिविटी एवं नीति समर्थन के माध्यम से निवेशकों को हर संभव सुविधा प्रदान की जा रही है, ताकि परियोजनाओं का शीघ्र क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।
इन स्वीकृत औद्योगिक परियोजनाओं में प्लास्टिक एवं रबर, खाद्य प्रसंस्करण, वस्त्र, आईटी/आईटीईएस तथा नवीकरणीय ऊर्जा जैसे विविध क्षेत्र शामिल हैं। प्रस्तावित इकाइयों के माध्यम से राज्य में लगभग ₹3043.68 करोड़ का निवेश आने का अनुमान है, जिससे लगभग 1419 लोगों के लिए रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
भूमि आवंटन प्राप्त करने वाली प्रमुख औद्योगिक इकाइयों में एम/एस निरानी सुगर्स लिमिटेड ,
एम/एस एचआर फूड प्रोसेसिंग प्रा0 लिमिटेड
, एम/एस संजीवनी मीडिया ऐंड टेक्नोलॉजी प्रा0 लिमिटेड शामिल हैं।
इन परियोजनाओं के क्रियान्वयन से न केवल औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर आर्थिक गतिविधियों और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी।
बियाडा द्वारा उद्योगों के लिए बेहतर अवसंरचना, सुगम प्रक्रियाएँ और निवेश के अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। यह निर्णय बिहार को निवेश के लिए एक उभरते औद्योगिक गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।PCC की इस बैठक में बिहार इंडस्ट्रीज़ असोसिएशन, बिहार राज्य प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड एवं बिहार चैम्बर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
