बिहार में अब घर बैठे होगी राजस्व न्यायालय की सुनवाई! मुजफ्फरपुर-मुंगेर से शुरू वर्चुअल सिस्टम, जल्द 38 जिलों में लागू
पटना। बिहार में राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली को पूरी तरह डिजिटल, पारदर्शी और जनसुलभ बनाने की दिशा में राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने बड़ी पहल की है। बिहारभूमि पोर्टल पर राजस्व न्यायालय प्रबंधन प्रणाली यानी RCMS के तहत वर्चुअल सुनवाई की सुविधा शुरू कर दी गई है।
इसकी शुरुआत फिलहाल मुजफ्फरपुर और मुंगेर जिले में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर की गई है। इस व्यवस्था के तहत वादी, प्रतिवादी और उनके अधिवक्ता घर बैठे या किसी भी स्थान से संबंधित राजस्व न्यायालय की सुनवाई में ऑनलाइन शामिल हो सकेंगे।
राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने कहा कि वर्चुअल सुनवाई से आम लोगों और अधिवक्ताओं को बार-बार अंचल, अनुमंडल या जिला कार्यालय आने-जाने की परेशानी से राहत मिलेगी। साथ ही मामलों की सुनवाई और आदेश की प्रक्रिया अधिक तेज, पारदर्शी और सुविधाजनक होगी।
विभाग के सचिव जय सिंह के अनुसार, वर्चुअल सुनवाई को प्रभावी बनाने के लिए संबंधित पदाधिकारियों और कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। मुजफ्फरपुर और मुंगेर में पायलट प्रोजेक्ट के बाद इसे चरणबद्ध तरीके से पूरे बिहार में लागू किया जाएगा।
💻 जल्द मिलेगी ऑर्डर डाउनलोड की सुविधा
RCMS पोर्टल पर जल्द ही वर्चुअल सुनवाई के साथ केस ऑर्डर डाउनलोड करने की सुविधा भी उपलब्ध कराने की तैयारी है। विभाग का लक्ष्य है कि केस के पंजीकरण से लेकर सुनवाई, आदेश पारित करने और आदेश की प्रति उपलब्ध कराने तक पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से संचालित हो।
पायलट प्रोजेक्ट सफल होने के बाद यह सुविधा बिहार के सभी 38 जिलों में लागू की जाएगी। विभाग के मुताबिक, ऐसा होने पर बिहार राजस्व न्यायालयों की इस अत्याधुनिक डिजिटल सुविधा को पूरे राज्य में लागू करने वाला देश का पहला राज्य बनने की दिशा में आगे बढ़ेगा।
,
