राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की बड़ी कार्रवाई, पारदर्शी और विधिसम्मत प्रक्रिया के तहत राज्यहित में होगा भूमि का उपयोग
पटना, 15 जुलाई: बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने बेतिया राज की संपत्तियों को राज्य में निहित करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। विभाग के सचिव जय सिंह ने बताया कि बेतिया राज की संपत्तियों को राज्य में निहित करने संबंधी अधिनियम, 2024 और नियमावली, 2026 के तहत छह जिलों में स्थित कुल 7,272.16 एकड़ भूमि के संबंध में अधिसूचनाएं जारी कर दी गई हैं।
जारी अधिसूचनाओं के अनुसार पूर्वी चंपारण की 7,194.56 एकड़, पश्चिम चंपारण की 14.77 एकड़, गोपालगंज की 35.58 एकड़, सारण की 8.47 एकड़, सिवान की 7.29 एकड़ तथा पटना की 11.49 एकड़ भूमि को राज्य में निहित करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
सचिव जय सिंह ने बताया कि अधिसूचनाओं में संबंधित अंचल, मौजा, थाना संख्या, खाता, खेसरा और रकबा का विस्तृत विवरण प्रकाशित किया गया है, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी, तथ्यपरक और विधिसम्मत तरीके से पूरी हो सके।
उन्होंने कहा कि बेतिया राज की संपत्तियां ऐतिहासिक और सार्वजनिक महत्व की धरोहर हैं। राज्य सरकार इन परिसंपत्तियों के संरक्षण, अभिलेखीकरण और जनहित में समुचित उपयोग के लिए प्रतिबद्ध है। अधिसूचनाएं राजपत्र में प्रकाशन की तिथि से प्रभावी होंगी तथा आगे की कार्रवाई निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के अनुसार संबंधित जिलों में की जाएगी।
