रजिस्ट्री पर रोक के तुगलकी फरमान को वापस लेने की मांग, माँ काली मंदिर प्रांगण में महापंचायत
फतेहपुर, 29मई: पाटलिपुत्र सेटेलाइट सिटी के नाम पर हो रहे जबरन भूमि अधिग्रहण और रजिस्ट्री पर रोक के खिलाफ फतेहपुर के किसानों ने मंगलवार को माँ काली मंदिर प्रांगण में महापंचायत कर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।
पूर्व मुखिया उमेश सिंह की अध्यक्षता और पूर्व मुखिया देव कुमार सिंह के संचालन में जुटे सैकड़ों किसानों ने एक स्वर में कहा कि जिस उपजाऊ जमीन को पुरखों ने खून-पसीने से सींचा, उसे कंक्रीट का जंगल नहीं बनने दिया जाएगा।
किसानों ने आरोप लगाया कि विकास के नाम पर उपजाऊ जमीन को कौड़ियों के भाव अधिग्रहित किया जा रहा है। महापंचायत में प्रस्ताव पारित कर रजिस्ट्री पर लगी रोक तुरंत हटाने और भूमि अधिग्रहण का फरमान वापस लेने की मांग की गई।
उमेश सिंह ने कहा, यह लड़ाई हमारे वजूद और आने वाली पीढ़ियों के हक की है। सत्ता की लाठियां किसानों के हौसले नहीं तोड़ सकतीं।”किसानों ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन तेज किया जाएगा।
वही धर्मेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि सरकार एक तरफ कृषि से संबंधित आधारभूत संरचना पर जोर देने की बात कर रही है और दूसरी तरफ किसानों की भूमि को जबरन कब्जा कर किसानों को आत्महत्या करने के लिए मजबूर कर रही है बेचारे किसान , जिनका एवं उनके परिवारों का भरण पोषण का माध्यम खेती ही है उन्हें भी जबरन खेती वाली जमीन से बेदखल किया जा रहा है अब बहुत हो चुका बर्दाश्त नहीं करेंगे।
गौर तलब है कि बिहार सरकार के द्वारा टाउनशिप बनाने के लिए राज्य की 11 जिलों में भूमि अधिग्रहण का कार्य किया जा रहा है इसके खिलाफ उसे क्षेत्र में आने वाले किसान लोग आक्रोशित है। पटना में भी टाउनशिप क्षेत्र के लिए भूमि को चिन्हित किए जाने के उपरांत उसे चिन्हित क्षेत्र में आने वाले किसानों के बीच भी सरकार के खिलाफ आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
इस अवसर पर किसान मोर्चा के अध्यक्ष पूर्व मुखिया फतेहपुर उमेश सिंह, देव कुमार सिंह पूर्व मुखिया, धर्मेंद्र सिंह चौहान, अरविंद सिंह ,पंकज सिंह, ओम प्रकाश मिश्रा ,जितेंद्र सिंह, गुलशन सिंह, बिट्टू सिंह ,मनीष कुमार सहित सैकड़ो की संख्या में लोग एकजुट होकर सरकार के फैसले का विरोध कर रहे थे!
