बिहार डेयरी सेक्टर में बड़े बदलाव की तैयारी: डेयरी निदेशालय और सीआईआई के बीच रणनीतिक साझेदारी का शुभारंभ
पटना, 9 अप्रैल, 2026 – बिहार के डेयरी क्षेत्र को वैश्विक पहचान दिलाने और किसानों की आय दोगुनी करने के उद्देश्य से मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग द्वारा एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। “बिहार डेयरी ट्रांसफॉर्मेशन प्रोजेक्ट” के तहत डेयरी निदेशालय और भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के बीच ‘प्रोजेक्ट इम्प्लीमेंटेशन पार्टनरशिप’ की औपचारिक शुरुआत की गई।
मत्स्य, डेयरी एवं पशु संसाधन मंत्री श्री सुरेंद्र मेहता ने कहा कि डेयरी निदेशालय और CII के बीच यह रणनीतिक साझेदारी बिहार के डेयरी विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगी। इस साझेदारी का मुख्य उद्देश्य मुख्यमंत्री के ‘सात निश्चय’ के तहत बिहार डेयरी परिवर्तन पहल को सशक्त बनाना है।
योजना की जानकारी:
24,248 गांवों में डेयरी कोऑपरेटिव सोसाइटी बनाई जाएगी
– 8,053 पंचायतों में ‘सुधा केंद्र’ स्थापित किए जाएंगे
– डेयरी संयंत्रों की क्षमता बढ़ाई जाएगी
– पशुओं के नस्ल सुधार कार्यक्रम पर विशेष जोर दिया जाएगा
– जमीनी स्तर पर तकनीकी सहायता और जनशक्ति की कमी को पूरा करने के लिए हर पंचायत में पशु सहायकों की नियुक्ति की जाएगी
योजना से फायदा:
– दुग्ध उत्पादन में भारी वृद्धि की उम्मीद
– ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने में सहायक
– बिहार के डेयरी उत्पादों की पहुंच पूरे भारत में सुनिश्चित होगी
